ना जाने कब आएगा मेरा सांवरिया naa jane kab aayega mera sawariya
ना जाने कब आएगा मेरा सांवरिया
जाने कब मुझे अपना बनाएगा
ना जाने कब आएगा मेरा सांवरिया
थक गए नैन मेरे रस्ता निहार के
प्यासी अंखियों में सपने बहार के
जीवन संवर जाएगा जब कान्हा आएगा
आंसू मेरे पोछकर मुझे गले लगाएगा
तुझसे उम्मीद मुझे तेरा ही सहारा है
निर्र्र्बल हूं गरीब हूं मैं कोई ना हमारा है
कब तक मुझको वहलाएगा तरसाएगा
आंसू मेरे पोछ कर मुझे गले लगाएगा
बनो ना कठोर थोड़ी दया से काम लो
आकर के कन्हैया मेरा दामन थाम लो
तेरे गुण गा गाकर ये सेवक बन जाएगा
मेरे आंसू पोछ कर मुझे गले लगाएगा
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