मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले
हर घड़ी हर पल -- हर घड़ी हर पल
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले
तेरी भक्ति के गीत मैं गाया करूं
हृदय को मैं शुद्ध बनाया करूं
हर घड़ी हर पल --हर घड़ी हर पल
तेरी याद में सुबह और शाम निकले
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले
मैं तो राधा राधा ही ध्याया करूं
सच्ची श्रद्धा की अग्नि जलाया करु
हर घड़ी हर पल --हर घड़ी हर पल
तेरी भक्ति में दिन और रात निकले
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले
मन मंदिर में ज्योति जगा तुम देना
मैल मन की मेरे तुम हटा ही देना
हर घड़ी हर पल --हर घड़ी हर पल
तेरे ध्यान में ये उम्र तमाम निकले
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले
दिल में राधा ही नाम बसाऊं सदा
सेवा कर्मों की भेंट चढ़ाऊ सदा
हर घड़ी हर पल -- हर घड़ी हर पल
नाम जपते जपते अंतिम सांस निकले
मेरी रसना से राधा राधा नाम निकले
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