मन सीताराम सीताराम रट रे mann sitaram sitaram rat re
मन सीताराम सीताराम रट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
हिरणाकुश जुलम ढहाया
प्रहलाद को बहुत सताया
आए नरसिंह खम्ब गया कट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
प्रहलाद को बहुत सताया
आए नरसिंह खम्ब गया कट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
अब जाएं न कष्ट सहारे
द्रौपदी ने ये बचन उचारे
दुशासन का बल गया घट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
द्रौपदी ने ये बचन उचारे
दुशासन का बल गया घट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
गज जब हार गया बल में
टेर सुनी थी जल में
प्रभु पल में भय प्रगट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
टेर सुनी थी जल में
प्रभु पल में भय प्रगट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
क्यों होता उदास नित्य रट रे
होएं बांके बिहारी प्रकट रे
भज के नट नागर तू रट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे
होएं बांके बिहारी प्रकट रे
भज के नट नागर तू रट रे
तेरे संकट जाएंगे कट रे
मन सीताराम सीताराम रट रे

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